Linux क्या है | What is Linux in Hindi?

Internet और कंप्यूटर की इस Digital दुनियाँ में लगभग प्रत्येक व्यक्ति किसी न किसी Gadget या Technology का Use कर रहा है, इसी Technology को Use करके हम आज घर बैठे ही Online Payment, Online Marketing, Online Class और भी बहुत कुछ कर सकते है. लेकिन इन सभी Online Facility का Use करने के लिए एक चीज़ की बेहद आवश्कता होती है, जिसे हम Gadget के नाम से जानते है. गैजेट के बिना हम किसी भी टेक्नोलॉजी का उपयोग नहीं कर सकते है.

जैसे Online Payment करने के लिए हमें POS Machine या Smartphone चाहिए, Online या Smart Class करने के लिए हमें Phone और Internet Connection चाहिए. यहाँ तक की समय देखने के लिए भी Smartwatch की आवश्कता होने लगी है. लेकिन इन सभी Gadgets को Human Being के द्वारा Control और Operate करने के लिए एक Operating System चाहिए, जो User को Gadget Machine से Interact करा सके.

आज के समय अलग अलग device के लिए कई Operating System उपलब्ध है, जैसे – Windows, Android, Mac, Java, IOS इत्यादि इसी प्रकार Linux भी एक Operating System का उदहारण है, भले ही इसके बारे बहुत सारे लोग नहीं जानते है, लेकिन कही न कही हम इस ऑपरेटिंग सिस्टम का use कर रहे है. ऐसे ही Linux के बारे और भी कई प्रश्न है, जैसे – Linux क्या है, Linux Kernel क्या है, Linux का क्या Use है. Linux और Windows में क्या अंतर है, आइये जानते.

Linux क्या है | What is Linux in Computer

Computer में Linux का Full Form Lovable Intellect Not Using XP होता है, Windows, Android, Mac Os, और IOS की तरह ही Linux एक Multi-Programming और Multi-User Operating System है, linux Operating System को Linus Torvalds के द्वारा developed किया गया था. और इन्ही के नाम पर इस Os का नाम लिनक्स रखा गया.

इसका उपयोग computers, servers, mainframes और mobile devices के open-source और community-developed operating system के लिए किया जाता है. साथ ही यह इतना लोकप्रिय है, की इसका Use Mobile, Gamming Consol, Smart Tv और Driver Less Car में भी इसका Use किया जाता है. computer

What is Linux in Hindi | Full form of linux
What is Linux in Hindi | Full form of linux

Linux में Open-Source का क्या मतलब है | meaning of Open-Source In Hindi

असल में लिनक्स एक Open source software (OSS) है, Open source software वैसे software को कहा जाता है, जिसका source code पर किसी का अधिकार नहीं होता है, इसके source code viewable और changeable होते है, इसे किसी भी user या developer के द्वारा इसके Code को modify किया जा सकता है, और commercially या personally Use में लाया जा सकता है.

दरअसल, source code किसी software का main structure data होता है, जिसे किसी सॉफ्टवेयर developers के द्वारा बनाया जाता है, और जिस Source Code का access केवल developers के पास होता है, उसे closed source software कहते है, और जिस Source Code को user access, read और modify कर सकते है उसे Open source software कहते है. कुछ Open source software की लिस्ट – Bit Torrent, Blender, jQuery, Linux, MySQL, Perl, Python, Tor Browser, Mozilla Firefox, Ubuntu

meaning of Open-Source software | deference between open source and close source
meaning of Open-Source software | deference between open source and close source

Linux को किसने और कब बनाया |

Linux को Linus Torvalds ने 1991 में developed किया गया, इसके बनने के बाद इसे AT &Ts Laboratories के द्वारा general public license के द्वारा publish किया गया. Linus Torvalds जब University of Helsinki में पढाई कर रहे थे तब वह लिनक्स के एक version Minix नाम के एक Operating System का Use कर रहे थे.

Minix Operating System का Use करते समय उन्हें यह लगा की, इसमे कुछ बदलाव से हम इसे और भी बेहतर बना सकते है, उन्होंने यह बात Minix के developer “Andrew Tanenbaum” से कहा, लेकिन Andrew Tanenbaum ने इसमे कोई बदलाव करने से मन कर दिया, और इसी घटना ने “ Linus Torvalds” को एक नया OS बनाने के लिए प्रेरीत किया, साथ ही उन्होंने यह भी सोचा की इस OS को Open-Source ही रखा जाए, जिससे कोई भी इसमे user या developer Modification कर सके, और इसे बेहतर बना सके.

चुकी, लिनस टॉर्वाल्ड्स एक C Programming के Student थे, इसलिए उन्होंने Linux OS की coding को 95 % C language में लिखा, और बाकि की coding उन्होंने assembly language के साथ अन्य language में की. उन्होंने इस नए os के नाम में अपने नाम के Linu और unix के X को जोड़कर Linux नाम दिया.

Linux के कितने Component होते है

Linux के तीन Component होते है, जिसका Use करके Linux User को device से interact कराता है .

  • Linux में Kernel क्या होता है

यह बहुत साधारण सा प्रश्न है की “ linux me kernel kya hota hai” असल में Kernel लिनक्स का सबसे main component होता है, यह सीधे सिस्टम के Hardware से Interact करता है, यानी Kernel का काम सिस्टम के Hardware को Software से जोड़ना होता है, यह Application और हार्डवेयर के बिच में ब्रीज का काम करता है. Kernel दो प्रकार के होते है- Micro Kernel और Modular Kernel

कर्नेल क्या होता है ( kernel kya hota hai ) इसे एक Example से समझे तो, मान लीजिये कोई User अपने system से किसी फाइल को Delete करना चाहता है, तो वह इस instruction को सिस्टम को keyboard के माध्यम से देगा कीबोर्ड इस instruction को Kernel को Pass करेगा, अब यह Kernel Direct Hardware को Instruct करके आपके System के File को Delete कर देगा.

  • Linux में Shell क्या होता है

Linux में Shell का काम User और कर्नेल के बिच एक interface प्रदान करता है, जिससे Kernel सीधे यूजर से interact कर पाता है, और यूजर के instruction को समझ पाता है, साथ Kernel के background में होने वाले प्रोसेस को यूजर से छिपा कर रखता है, और इसके बदले यूजर को सीधे result लाकर देता है.

  • Hardware

Hardware को लिनक्स का एक प्रमुख component है, जो Linux operating system के लिए एक हार्डवेयर layer का निर्माण करता है, इसमे Ram, Rom, Hard disk Drive, motherboard इत्यादि शामिल होते है.

  • System Utility

System Utility यूजर को Graphical User Interface प्रदान करता है, User Interface कंप्यूटर में दिखने वाले Graphical content को कहा जाता है जैसे – Menu, Folder, Options, File, Application Interface इत्यादि.

Component of linux | what kernel and shell in linux
Component of linux | what kernel and shell in linux

Linux के Features और advantage

पूरी दुनिया में कई government Agency लिनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम का Use इसके Affordability, Low Cost और Security के कारण करती है. यहाँ तक दुनिया की बड़ी बड़ी कंपनियाँ जैसे फेसबुक गूगल और अमेज़न भी अपनी server की सुरक्षा के लिए लिनक्स का ही उपयोग करती है. आइये इसकी विशेषताओ के बारे में जानते है.

  1. यह एक Open source Os है, इसका Use करने के लिए आपको कोई पैसे नहीं देने होते है, इसे Internet से Free में Download किया जा सकता है. और कोई भी यूजर और Developer अपने हिसाब से बदलाव कर सकता है.
  2. चुकी यह Open source Os है, इसलिए कई developer और यूजर इसके loophole को ठीक करके लिनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम में बदलाव कर सकते हैं।
  3. लिनक्स सिस्टम शायद ही कभी क्रैश होता है क्योंकि वे बहुत stable होते हैं।
  4. Linux एक Portable है, पोर्टेबल होने की विशेषता यह है की लिनक्स Different Types of Hardware पर भी काम करता है.
  5. लिनक्स Multi-Use Operating System है, जिसके कारन कई Multiple Users सिस्टम को Access कर सकते है.
  6. लिनक्स को सबसे Secure, Flexible, Reliable Operating System माना जाता है, लिनक्स अपने यूजर की Security को बचने के लिए Password Protection, File Encryption और Data Encryption जैसी Security Feature होता है. साथ ही यह Virus या Malware Attract से होने वाले खतरे से भी Secure करता है.
  7. यह Large Number में File Format के साथ Compatible होता है.

लिनक्स की सीमाए | Limitations of LINUX

हालाँकि, लिनक्स इतना popular होने के बाद भी इसमे की Limitations है, जैसे-

  • लिनक्स os में कुछ Hardware Driver को Support नहीं करता है, यह एक Disadvantage है.
  • Windows की तुलना में Linux को सिखाना थोडा मुश्किल काम है, क्योकि यह Command Line interface के आधार पर काम करता है, यानी आपको File open करने, Program Install करने, या delete करने के लिए कुछ command होते है, जिसका use करके ही इन सभी instruction को पूरा किया जा सकता है.
  • इसका कोई Official standard versions नहीं है, जिससे एक यूजर को यह तय कर पाना मुश्किल हो जाता है की यूजर के लिए कौन सा version और  edition बेहतर है.

लिनक्स और विंडोज में क्या अंतर है | linux aur windows me kya antar hai

लिनक्स और विंडोज में कई ऐसी Function और Limitation है जिसके कारण दोनों एक दुसरे से भिन्न है. अगर आप एक विंडोज या लिनक्स यूजर है, तो आपको लिनक्स और विंडोज के बीच के अंतरों को जरूर जानना चाहिए.

 LinuxWindows
Source Codeलिनक्स एक Open Source Operating System है। यानी इस के Source Code का Use करके इसके Advance Version को Devolve किया जा सकता है जबकि विंडोज़ Open Source Operating System नहीं है। इसका Source Code पर केवल Windows का अधिकार है.
Ease of UseLinux को सिखाना और Operate करना थोडा मुश्किल है, इसे Operate करने के लिए इसके Linux Command को सीखना होता है.Windows किसी भी User के लिए Ease of Use है, इसे साधारण यूजर भी आसानी से Operate कर सकता है.
Compatibilityकई ऐसे सॉफ्टवेर है, जो Linux के साथ Compatible नहीं होते है.विंडोज में लगभग सभी प्रकार के सॉफ्टवेर Compatible होते है.
CostLinux का Use कोई भी यूजर free of cost कर सकता है.विंडोज एक महंगा OS है, जिसके उपयोग के लिए यूजर को पैसे देने होते है.
ComponentLinux, Information pass करने के लिए monolithic kernel का उपयोग करता है.Windows, Information pass करने के लिए micro kernel का उपयोग करता है
Commandयह एक Command Line Interface पर आधारित है, यह Graphical User Interface पर आधारित है
Directoriesdirectories के path को Separating करने के लिए forward slash का use करता है.directories के path को Separating करने के लिए back slash का use करता है.
Securityलिनक्स Password Protection, File Encryption और Data Encryption जैसी Security Feature प्रदान करता है.विंडोज, Linux की तुलना में थोडा कम secure है, इसमे आसानी से malware और वायरस attract किया जा सकता है.
Usesलिनक्स का व्यापक रूप से Hacking purpose में उपयोग किया जाता है। फेसबुक गूगल और अमेज़न में server की सुरक्षा के लिए इसका Use अधिक होता है.जबकि windows हैकिंग के कार्यो के लिए ज्यादा उपयोगी नहीं करती है। इसका ज्यादातर उपयोग Office और domestic कामो के लिए किया जाता है.
File Name लिनक्स में, एक ही नाम के साथ 2 फाइलो को रखा जा सकता है, लेकिन उसके नाम में case change होना चाहिए जैसे Sample और SAMPLE विंडोज़ में, एक ही फ़ोल्डर में एक ही नाम के साथ 2 फाइलें नहीं रखी जा सकती है.
DrivesLinux में कोई drives नहीं होता है.Windows में अलग अलग drives होते है जैसे - C Drive, D Drive, E Drive
User AccountLinux में 3 Types के User Account होते है
1) Regular
2) Root
3) Service Account
विंडोज में चार प्रकार के User Account होता है
1) Administrator
2) Standard
3) Child
4) Guest
Versionsलिनिक्स का कोई भी standard versions नहीं है.विंडोज के अब तक कई standard versions आ चूका है. और 2021 में इसने अपना windows 11 को launch किया

FAQs on Linux Full Form in Hindi

इस पुरे Article को पढ़ने के बाद भी यदि आपके मन कोई सवाल है तो इस Linux ka Full Form FAQs & QnA की मदद से आपके सारे doubts clear हो जायेगे –

  1. Linux का फुल फॉर्म क्या है?

    Linux का पूरा नाम Lovable Intellect Not Using XP है, लेकिन इस Operating System का नाम इसे developed करने वाले Programmer “ Linus Torvalds ” के नाम पर रखा गया,

  2. लिनक्स कब बनाया गया?

    Linux को Linus Torvalds ने सन 1991 में developed किया था,

  3. लिनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम के मुख्य कितने भाग होते हैं?

    1. कर्नल 
    2. सिस्‍टम लाइब्रेरी 
    3. सिस्‍टम यूटिलिटी 

  4. लिनक्स कितने प्रकार के होते हैं?

    Linux के कई प्रकार है जैस
    KALI Linux
    Redhat Linux
    Ubuntu Linux
    Mandriva Linux
    Debian Linux
    Tiny Linux
    Xandrous Linux
    Side Linux
    Bash Linux
    Knoppix Linux

आपने Linux ka Full Form के इस लेख में क्या सिखा?

इस Post को पढ़ने के लिए आपका धन्यवाद, हमें उम्मीद है, की आपको यह हिंदी लेख जरूर पसंद आया होगा| यदि आपने Linux full form in hindi के इस हिंदी-पोस्ट को अच्छे से पढ़ा होगा तो इसमे दी गई जानकारी आपके लिए ज्ञानवर्धक साबित होगी।

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